बुधवार, 25 मई 2011

फिर वही शाम …






2 टिप्‍पणियां:

  1. दिल बहल जाएगा
    आखिर को तो सौदाई है...
    तलत जी का असरदार गीत !

    a n d
    nice pics !!

    उत्तर देंहटाएं
  2. मखमली आवाज़ के साथ ढलती सुनहरी धूप...आपके इस ब्लॉग का तो पता ही अभी चला है...बेहद खूबसूरत.

    नीरज

    उत्तर देंहटाएं